जयपुर में रावत मिष्ठान भंडार के अजमेर रोड और नारायण सिंह सर्किल स्थित दो प्रतिष्ठानों में खाद्य सुरक्षा विभाग ने 6 नवंबर को कार्रवाई की। विभाग ने 36 प्रकार की अवधिपार एवं अखाद्य सामग्री नष्ट करवाई और बिना वैध लाइसेंस वाले रेस्टोरेंट को तत्काल बंद करवाया।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के ‘शुद्ध आहार‑मिलावट पर वार’ अभियान के तहत चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेन्द्र सिंह खींवसर के मार्गदर्शन में विभाग ने दोनों प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया। आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण अविचल चतुर्वेदी के निर्देश पर अतिरिक्त आयुक्त भगवत सिंह और संयुक्त आयुक्त वी.पी. शर्मा ने निरीक्षण की निगरानी की।
अजमेर रोड प्रतिष्ठान में साफ‑सफाई और लेबलिंग की कमियां
अजमेर रोड पर स्थित दुकान में पैक्ड मिठाइयों पर पैकिंग व एक्सपायरी डेट नहीं मिली, तैयार खाद्य पदार्थों पर भी आवश्यक विवरण अनुपलब्ध था। बेकरी काउंटर के नीचे मृत कॉकरोच और मक्खियां मिलीं, फर्श पर खाद्य अवशेष और गंदगी पाई गई। राज कचौरी और दही पूरी अखबार पर रखकर परोसे जा रहे थे।
विभाग ने केसर पिस्ता बर्फी का नमूना लिया और कुल 3 नमूने जांच के लिए भेजे।
नारायण सिंह सर्किल पर बिना लाइसेंस वाला रेस्टोरेंट
नारायण सिंह सर्किल में चल रहा रेस्टोरेंट वैध खाद्य लाइसेंस के बिना पाया गया। यहाँ पिज्जा टॉपिंग, ब्रेड, पाव, फ्रूट कॉकटेल, एमडीएच चना मसाला, बेबी कॉर्न, रेड चिली सॉस, ग्रीन टी, स्वीट कॉर्न और क्रीम जैसी कई अवधिपार सामग्री उपयोग में लाई जा रही थी। विभाग ने रेस्टोरेंट को तुरंत बंद कर दिया और वैध लाइसेंस मिलने तक संचालन पर रोक लगाई।
इसी प्रतिष्ठान से एक्सोटिक डार्क चॉकलेट और काजू पिस्ता रोल के दो नमूने जांच के लिए लिए गए, और मिली अवधिपार सामग्री को नष्ट करवाई गई।
- कुल 3 नमूने जांच के लिए लिए गए
- लगभग 36 प्रकार की अवधिपार एवं अखाद्य सामग्री नष्ट करवाई गई
- बिना लाइसेंस वाले रेस्टोरेंट को बंद किया गया
