
राजीविका दिवाली मेला-2026 में छठे दिन भी खरीदारों की भीड़
जयपुर में 28 अक्टूबर से 4 नवंबर तक चल रहे राजीविका दिवाली मेला-2026 के छठे दिन भी बड़ी संख्या में आगंतुकों ने हस्तनिर्मित उत्पादों और सजावटी सामान की खरीदारी की।
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जयपुर में 28 अक्टूबर से 4 नवंबर तक चल रहे राजीविका दिवाली मेला-2026 के छठे दिन भी बड़ी संख्या में आगंतुकों ने हस्तनिर्मित उत्पादों और सजावटी सामान की खरीदारी की।
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सवाई माधोपुर जिले में सरसों की शुरुआती फसल पर पेंटेड बग और आरा मक्खी का प्रकोप देखा गया है। कृषि विभाग ने किसानों को बचाव के उपाय अपनाने की सलाह दी है।

नागौर और मेड़ता कृषि उपज मंडियों में इस सप्ताह जीरा, मूंग, ग्वार आदि की कीमतों में उतार‑चढ़ाव रहा, जहाँ मेड़ता में जीरा का अधिकतम भाव ₹25,500 प्रति क्विंटल और नागौर में मूंग ₹8,500 प्रति क्विंटल तक पहुँचा।

राजस्थान सरकार ने किसानों के लिए मिलने वाली सब्सिडी वाली यूरिया और डीएपी के दुरुपयोग, कालाबाजारी और अवैध भंडारण पर कड़ी कार्रवाई का आदेश दिया।


बूंदी में ब्रिक्स सस्टेनेबल लाइफस्टाइल वीक के अंतर्गत कृषि विभाग ने मिलेट्स संवर्धन हेतु किसानों को जागरूक करने के लिए गोष्ठियाँ आयोजित कीं, जिसमें बाजरा‑ज्वार जैसी फसलें प्रमुख हैं।

बूंदी में ब्रिक्स सस्टेनेबल लाइफस्टाइल वीक के दौरान कृषि विभाग ने मिलेट्स (बाजरा, ज्वार) की खेती को बढ़ावा देने हेतु किसानों को विशेष गोष्ठियों में जागरूक किया।

राजीविका दिवाली मेला- 2026 में तीसरे दिन भी उमड़ी भीड़

स्वदेशी उत्पादों की खरीदारी के साथ महिला सशक्तीकरण का संदेश दे रहा राजीविका दिवाली मेला-2026,

वैज्ञानिकों ने रबी फसल प्रबंधन, संतुलित उर्वरक उपयोग एवं टिकाऊ कृषि पद्धतियों के प्रति किसानों को किया जागरूक

पूर्वी चंपारण में आयोजित किसान जागरूकता कार्यक्रम में पोषक तत्वों के पुनर्चक्रण, फसल विविधीकरण तथा संसाधनों के कुशल उपयोग के साथ आम और लीची की खेती पर जोर दिया गया।

राजस्थान सरकार के कृषि विभाग और ब्रह्माकुमारी संस्थान ने 25 अक्टूबर को आबूरोड स्थित शान्तिवन परिसर में एमओयू पर हस्ताक्षर कर प्राकृतिक एवं योगिक खेती को जन-आंदोलन बनाने की दिशा में कदम बढ़ाया।

विभिन्न गतिविधियों की ली जानकारी, किसानों की सहभागिता से बीज उत्पादन के निर्देश

अब कृषि आदानों के नमूनों की जांच होगी फेसलेस, कॉन्टैक्टलेस और पारदर्शी
हर दिन मरुधरा की एक कहावत, एक सबद, एक ज़िलो
आज री कहावत
“मन चंगा तो कठौती में गंगा”
मन पवित्र हो तो घर में ही तीर्थ है।
आज रो सबद
टाबर
बच्चे
आज रो ज़िलो
चूरू
मेळा-तेवार
इस महीने: पुष्कर मेला, बूंदी उत्सव
कुंभलगढ़ महोत्सव
राजसमंद · दिसंबर
राजस्थान दर्शन →