राजसमंद जिले के पूर्व भाजपा नेता चिरंजीलाल टांक ने 24 अक्टूबर को पार्टी से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने अपने इस्तीफे के पत्र में 50 वर्षों से भाजपा के कार्यकर्ता रहे होने का दावा करते हुए, पिछले 10‑12 वर्षों में संगठन द्वारा लगातार उपेक्षा और अनदेखी का आरोप लगाया।

टांक ने 1995 से 2000 तक लसानी सरपंच, 2000 से 2003 तक भाजपा के संयुक्त देवगढ़ मंडल अध्यक्ष और 2005 से 2010 तक देवगढ़ पंचायत समिति प्रधान के रूप में कार्य किया। इस दौरान उन्होंने क्षेत्र में पार्टी की जड़ें मजबूत करने का काम किया।

इस्तीफे के कारण

टांक के अनुसार, 5‑7 दिन पहले सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो में उन्हें ‘गद्दार’ और ‘बेवड़ा’ जैसे अपमानजनक शब्दों से संबोधित किया गया। उन्होंने इसे सार्वजनिक अपमान माना और 24 अक्टूबर को इस्तीफा देने का निर्णय लिया।

पार्टी की प्रतिक्रिया

राजसमंद जिला अध्यक्ष जगदीशचंद्र पालीवाल ने इस्तीफे को स्वीकार नहीं किया और टांक से पार्टी से जुड़े रहने तथा संगठन का काम करने का आग्रह किया। टांक का इस्तीफा पत्र प्रदेश भाजपा कार्यालय, जयपुर को भी भेजा गया।

  • पार्टी से 50 वर्ष के कार्यकाल के बाद इस्तीफा
  • इस्तीफे के कारण अपमानजनक वीडियो
  • पार्टी ने इस्तीफे को स्वीकार नहीं किया
  • राजसमंद जिले में स्थानीय राजनीति पर चर्चा तेज