दिवाली के अवसर पर उपभोक्ताओं के अधिकारों की रक्षा और बाजार में सही माप-तौल सुनिश्चित करने के लिए राजस्थान में उपभोक्ता मामलों के विभाग द्वारा विशेष निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। यह जानकारी सरकारी विज्ञप्ति में दी गई है।
उपभोक्ता मामलों के मंत्री सुमित गोदारा के निर्देशन में विधिक मापविज्ञान प्रकोष्ठ द्वारा 2 नवंबर से यह विशेष निरीक्षण अभियान निरंतर चलाया जा रहा है। इसके तहत अब तक प्रदेशभर में कुल 241 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया है।
जयपुर, जोधपुर और उदयपुर में कार्रवाई
जांच के दौरान पैक्ड वस्तुओं पर नियमानुसार आवश्यक घोषणाएं नहीं पाए जाने और अन्य अनियमितताओं के संबंध में 30 फर्मों को नोटिस जारी किए गए हैं। अभियान के तहत प्रदेशभर में कुल ₹8,16,000 का जुर्माना लगाया गया है।
जयपुर में 2 नवंबर को निरीक्षण के दौरान सुरेश बेकरी (गोपालपुरा बाईपास) और श्री अग्रवाल कैटर्स (शास्त्री नगर) पर खारी बिस्किट और सोन पपड़ी के पैकेटों में घोषित मात्रा से कम सामग्री पाए जाने पर कुल ₹90,000 का जुर्माना लगाया गया। जोधपुर की कृषि उपज मंडी स्थित न्यूट्रिसेफ कंपनी में ई-कॉमर्स के माध्यम से बेचे जा रहे ड्राई फ्रूट्स के पैकेटों में कम मात्रा मिलने पर 150 पैकेट जब्त किए गए और ₹65,000 का जुर्माना लगाया गया। उदयपुर के रीको औद्योगिक क्षेत्र फतेहनगर स्थित मंगल इंडस्ट्रीज में सरसों के तेल के पैकेटों में कम मात्रा मिलने पर 170 पैकेट जब्त कर ₹65,000 का जुर्माना लगाया गया।
मंत्री का बयान और उपभोक्ताओं से अपील
उपभोक्ता मामलों के मंत्री सुमित गोदारा ने कहा कि प्रत्येक उपभोक्ता को पूरी कीमत चुकाने पर पैकेट पर घोषित मात्रा के अनुरूप वस्तु प्राप्त करना उसका अधिकार है। उन्होंने कहा कि किसी भी निर्माता, पैकर अथवा विक्रेता द्वारा कम मात्रा उपलब्ध कराकर उपभोक्ताओं के साथ धोखाधड़ी करना बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
विधिक मापविज्ञान प्रकोष्ठ ने आमजन से अपील की है कि पैक्ड वस्तुएं खरीदते समय पैकेट पर अंकित शुद्ध मात्रा, अधिकतम खुदरा मूल्य, निर्माण या पैकिंग तिथि की जांच अवश्य करें। माप-तौल में अनियमितता पाए जाने पर राजस्थान उपभोक्ता हेल्पलाइन 14435 पर शिकायत दर्ज करवाएं।
